Bewafa shayari in Hindi with Images, बेवफा शायरी की खान ।

Hello, friends welcome to shayariyan.com here is a great collection of bewafa shayari in hindi. When someone gets cheat in love then he and she both are looking for herat touching lines or bewafa shayari with images on net to share their feelings. For those people here is a collection of bewafa shayari in hindi.

अक्सर प्यार करने वाले जिंदगी में बहुत से धोखे मिलते ही रहते है। और प्यार की सच्चाई ही यही है हम बेपनाह बेहिसाब किसी को चाहते है। उस पर पर टूट के भरोसा करते है। और उसको जी जिंदगी बना लेते है । फिर एक दिन वो ही इंसान हमारा दिल तोड़ देता है। उस वक़्त दिल को जो दर्द होता है। जो तूफान दिल मे उठता है वो बस वही इंसान समझ सकता है जिसके साथ बेवफाई हुई हो। ऐसी ही कुछ दर्द बयां करने वाली लाइन्स मैंने खुद लिखी है उम्मीद है आपको पसंद आएगी।

 

 

बेवफा शायरी, Bewafa shayari in Hindi.

ना जाने उनकी वफ़ा कहाँ खो गयी है ।जो इतना प्यार करके बेवफ़ा हो गयी है।सुबह उठा तो पलकें गीली गीली सी थी,आज मेरी आँखें मेरी हालत पर रो गयी है।

Na jane unki wafa kaha kho gyi hai.Jo itna pyat krke bhi bewafa ho gyi hai.Subah utha to aankhe geeli geeli c thi,Aaj meri aankhe b meri halat par ro gyi hai.


bewafa shayari in hindi.
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उस बेवफा को जाकर बस इतना पैगाम दे देना।अकेली न हो तो सरेआम दे देना।समेट के सारी यादें उसकी एक डिब्बे में,लिख के उसका पता नीचे मेरा नाम दे देना।

Us bewafa ko jakar bs itna paigam de dena.Akeli na ho to sareaam de dena.Samet ke sari yaaden uski ek dibbe me,Likh ke uska pta niche mera naam de dena.



आज चन्द लोगों के बीच उनकी बुराई कर गए हम।न चाहते हुए भी ये लड़ाई कर गए हम।मेरे बिना ही ख़ुश रह सकते है वो,इसलिए जानबूझ कर बेवफाई कर गए हम।

Aaj chnd logo ke bich unki buraai kar gye hum.Na chahte huye bhi ye ladai kar gye hum.Mere bina hi khush reh skti hai wo,Isliye jaanbujh kr bewafai kar gye hum.



एक बार भी ना सोचा उसने जाने से पहले।खुश था मैं उसे जिंदगी में लाने से पहले।टुकड़े टुकड़े कर बिखेर दिया है उसने,आशियाना मेरा बसाने से पहले।

Ek bar bhi na socha usne jane se pehle.Khush tha main use jindagi me laane se pehle.Tukde tukde kar biKkher diya hai usne.Aashiyana mera basaane se pehle.



मुहहोब्बत का दर्द दुनिया मे खफा खफा निकला।मैं उसके दिल से न जाने कितनी दफा निकला।बन रहा था जो मिसाल वफ़ा की इस दुनिया मे,वही शख्स आज खुद ही बेवफा निकला।

Muhobbat ka dard dunia me khfa khfa nikla.Main uske dil se na jane kitni dafa nikla.Ban rha tha jo misaal is dunia me wafa ki.Wo hi shaks aaj khud hi bewafa nikla.



बेवफाई की दुकान की भी हद हो गयी।इश्क़ ए वफ़ा मिलनी बंद हो गयी।कभी चाहती थी जो मुझे हद से भी ज्यादा,किसी ओर का प्यार अब उसकी पसन्द हो गयी।

Bewafai ki dukaan ki bhi had ho gyi.Ishq e wafa milni band ho gyi.Kabhi chahti thi jo mujhe jaan se bhi jyada.Kisi or ka pyar ab uski pasand ho gayi.



ये वफ़ा के चिराग भी गजब का हौंसला रखता है ।उसकी बेवफाई की आंधी आकर भी निकल गयीऔर ये वैसा का वैसा है ।

Ye wafa ka chirag bhi gajab honsla rakhta hai.Uski bewafai ki aandhi aakar bhi nikal gayi or ye waisa ka waisa hai.



जब हिसाब हुआ मेरी वफ़ा का तो खुदा ने पूछा क्या सज़ा दु उस बेवफा को।

हमने कह दिया उसे भी सच्ची मुहहोबत हो जाये एकबार।

Jab hisaab hua meri wafa ka to khuda ne puchha kya sza dun us bewafa ko.

Hamne keh diya use bhi sachhi muhhobat ho jaye ekbar.



वफ़ा ही निभाना हमसे तुम्हे मुहहोबत अगर है ।

आज से मेरे दिल मे सिर्फ तुम्हारा ही घर है।

जाते जाते कह गयी वो हमसे

जी सको तो जी लेना मर जाओ तो बेहतर है।

Wafa hi nibhana hmse tumhe muhhobat agar hai.

Aaj se mere dil me tumhara hi sirf ghar hai.

Jate jate keh gye wo hmse,

Jee sko to jee lena mar jaao to behatar hai.



हर इंसान मुझसे यूँ खफा तो हो नही सकता ।

ऐसे ही तेरे दिल से मैं दफा तो हो नही सकता।

कोई न कोई तो वफ़ा जरूर करेगा इस दिल से

सारा का सारा जमाना बेवफा तो हो नही सकता।

Har insan mujhse yu khfa ho nhi skta.

Aise tere dil se main dafa ho nahi skta.

Koi na koi to wafa jrur krega is dil,

Sara ka sara jamana bewfa to ho nhi skta.



हँस के कहते है वो के कोई पाप नही मेरे जैसा जोकर मारकर ।

आ मरहम लगा दु तेरे पैर में,

चोट तो आयी ही होगी मेरे दिल को ठोकर मारकर।

Hans hans ke kehte hai wo k koi paap nhi mere jaisa jokar markar.

Aa mrham lga du tere pair me,

Chot to aayi hi hogi mere dil ko thokar markr.



इश्क़ मुहहोबत वाली कोई बात उन्हें पसंद नही जनाब।

बेवफाई की शायरी पर वाह वाह किया करते है वो।

Ishw muhhobat wali koi bat unhe pasand nhi janab.

Or bewafai ki shayari pr wah wah kiya krte hai.



अब क्यों रोता है उस बेवफा की बेवफाई पर ए नादान दिल,

तू ही तो कहता था मेरी जान तो सबसे अलग है।

Ab kyon rota hai us bewafa ki bewafai pr e nadan dil,

Tu ho to kehta tha meri jaan to sbse alag hai.



अगर करनी है मुहहोबत तो अदब से कर,

के फिर तू मुझसे कभी ख़फ़ा ना लगे।

ओर अगर बेवफाई ही करनी है तो वो भी अदा से कर,

के फिर तेरे बाद ओर कोई बेवफा न लगे।

Agr krni hai muhhobat to adab se kar,

Ke fir tu mujhse khfa na lage.

Aur agr bewafai hi karni hai to wo bhi ada se kar,

Ke fir tere baad aur koi bewafa na lge.



तुमसे क्या गिला करना तुम्हारी बेवफाई का,

मेरी वफ़ा ही मेरे काम नही आई ।

Tumse kya gila krna tumhari bewafai ka,

Meri wafa hi mere kaam nhi aayi.



भले किसी को किसी हसीन मौके पर बधाई न मिले ।

पर कभी किसी को इश्क़ में जुदाई न मिले।

वफ़ा मिले न मिले मुहहोबत में पर

कभी बेवफाई न मिले।

Bhale kisi ko kisi haseeb mauke pr bdhai mile na mile.

Pr kabhi kisi ko ishq me judai na mile.

Wfa mile na mile muhhobat me pr

Kabhi bewafai na mile.



मेरे दिल को कभी किसी से कोई गिला नही।

कोई प्यार करने वाला ही जब मुझे मिला नही।

Mere dil ko kabhi kisi se koi gila nahi,

Koi Pya r krne wala hi jab mujhe mila nhi.

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